आरबीआई/2025-26/242
विवि.एएमएल.आरईसी.437/14.06.001/2025-26
11 मार्च 2026
अध्यक्ष/मुख्य कार्यपालक अधिकारी
वाणिज्यिक बैंक, लघु वित्त बैंक, भुगतान बैंक, शहरी सहकारी बैंक,
ग्रामीण सहकारी बैंक, क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक, स्थानीय क्षेत्र बैंक,
गैर-बैंकिंग वित्तीय कंपनियां, आस्ति पुनर्निर्माण कंपनियां,
अखिल भारतीय वित्तीय संस्थान
महोदया/महोदय,
यूएपीए, 1967 की धारा 51ए का कार्यान्वयन: संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद की 1988 (2011) तालिबान प्रतिबंध सूची में अद्यतन: 22 प्रविष्टियों में संशोधन: 2026 का यूएपीए अद्यतन 02
कृपया भारतीय रिज़र्व बैंक के अपने ग्राहक को जानिए पर दिनांक 28 नवंबर 2025, दिनांक 29 दिसंबर 2025 को यथासंशोधित ("निदेश") के अध्याय IX संबंधी"अंतरराष्ट्रीय करारों के अंतर्गत आवश्यकताएँ/दायित्व - अंतरराष्ट्रीय एजेंसियों द्वारा संचार" यथा लागू, देखें, जिसके अनुसार, विनियमित संस्था यह सुनिश्चित करें कि विधि-विरुद्ध क्रियाकलाप (निवारण) (यूएपीए) अधिनियम, 1967 की धारा 51ए और उसमें किए गए संशोधनों के अनुसार, उनके पास आंतकी गतिविधियों से जुड़े होने की आशंका वाले ऐसे व्यक्तियों/संस्थाओं का कोई खाता न हो जिसके नाम संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (यूएनएससी) द्वारा समय-समय पर अनुमोदित तथा परिचालित ऐसे व्यक्तियों तथा इकाइयों की सूची में शामिल है।
2. इस संबंध में, भारत सरकार के विदेश मंत्रालय (एमईए) द्वारा दिनांक 10 मार्च 2026 को जारी यूएनएससी की प्रेस विज्ञप्ति एससी /16313 के बारे में सूचित किया गया है, जिसमें सुरक्षा परिषद के संकल्प 1988 (2011) के अनुसार स्थापित और अनुरक्षित सुरक्षा परिषद समिति ने 'तालिबान प्रतिबंध सूची' में संशोधन किया है, जिसमें तालिबान से जुड़े व्यक्तियों और संस्थाओं के नाम शामिल हैं।
2.1 सुरक्षा परिषद समिति द्वारा संकल्प 1988 (2011) के अनुसार, संयुक्त राष्ट्र चार्टर के अध्याय VII के अंतर्गत अपनाए गए सुरक्षा परिषद संकल्प 2816 (2026) के पैरा 1 में उल्लिखित आस्तियां फ्रीज करने, यात्रा प्रतिबंध और हथियार प्रतिबंध के अधीन व्यक्तियों और संस्थाओं की अपनी 1988 सूची में अनुबंध में निर्दिष्ट प्रविष्टियों में स्ट्राइकथ्रू और/अथवा रेखांकित के साथ निर्दिष्ट संशोधनों को अधिनियमित किया।
3. उपर्युक्त के संबंध में दिनांक 10 मार्च 2026 को जारी प्रेस विज्ञप्ति https://press.un.org/en/2026/sc16313.doc.htm पर देखी जा सकती है।
4. उपर्युक्त को देखते हुए, विनियमित संस्थाओं (आरई) को सूचित किया जाता है कि वे उपर्युक्त निदेशों के अध्याय IX के अनुसार उचित कार्रवाई करें और दिनांक 02 फरवरी 2021 (22 अप्रैल 2024 को संशोधित) यूएपीए आदेश में निर्धारित प्रक्रियाओं का सख्ती से अनुपालन करें।
5. आईएसआईएल (दाएश), अल-कायदा और तालिबान से जुड़े व्यक्तियों और संस्थाओं की अद्यतन सूची निम्नलिखित लिंक पर उपलब्ध है:
www.un.org/securitycouncil/sanctions/1267/aq_sanctions_list
https://www.un.org/securitycouncil/sanctions/1988/materials
6. इसके अलावा, गृह मंत्रालय (एमएचए) के निर्देशों के अनुसार, किसी भी बैंक, स्टॉक एक्सचेंज/डिपॉजिटरी, सेबी द्वारा विनियमित मध्यस्थों और बीमा कंपनियों द्वारा प्राप्त डी-लिस्टिंग के किसी भी अनुरोध को विचार के लिए संयुक्त सचिव (सीटीसीआर), एमएचए को इलेक्ट्रॉनिक रूप से भेजा जाना है। सुरक्षा परिषद की तालिबान प्रतिबंध सूची से अपना नाम हटवाने के इच्छुक व्यक्ति, समूह, उपक्रम या संस्थाएं संकल्प 1730 (2006) के तहत स्थापित डी-लिस्टिंग फोकल प्वाइंट को सीधे या अपने निवासी राज्य अथवा राष्ट्रीयता के माध्यम से अपना अनुरोध प्रस्तुत कर सकते हैं। अधिक जानकारी निम्नलिखित यूआरएल पर उपलब्ध है:
https://main.un.org/securitycouncil/en/sanctions/1988/materials/procedures_delisting
7. विनियमित संस्थाओं को सूचित किया जाता है कि वे उपर्युक्त यूएनएससी संप्रेषणों को नोट करें और उनका सतर्कतापूर्वक अनुपालन सुनिश्चित करें।
भवदीया,
(वीणा श्रीवास्तव)
मुख्य महाप्रबंधक
संलग्न: यथोक्त |