Download
the hindi
font
 
   हमारा परिचय     उपयोग सूचना     अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न     वित्तीय शिक्षण     शिकायतें   अन्य संपर्क     अतिरिक्त विषय 
Home >> PressReleases - Display
Date: 27/12/2011
नागर विमानन के 100 वर्ष के अवसर पर भारतीय रिज़र्व बैंक स्‍मारक सिक्‍के जारी करेगा

27 दिसंबर 2011

''नागर विमानन के 100 वर्ष'' के अवसर पर भारतीय रिज़र्व बैंक स्‍मारक सिक्‍के जारी करेगा

भारतीय रिज़र्व बैंक शीघ्र ही ` 5 के मूल्‍यवर्ग के निम्नलिखित सिक्के परिचालित करेगा जो निम्नलिखित विमाओं, अभिक्ल्प और धातु-संरचना के अनुरुप होंगे, अर्थात् :

मूल्यवर्ग

आकार और बाह्य व्यास

सरेशनों की संख्या

धातु संरचना

पांच रुपये

वृत्ताकार 
23 मिलीमीटर

100

निकल पीतल जिसमें -
तांबा      - 75 प्रतिशत
जस्ता     - 20 प्रतिशत
निकल      - 5 प्रतिशत

अभिकल्प

मूल्‍यवर्ग

मुख भाग

पृष्‍ठ भाग

पांच रुपये

सिक्के के मुखभाग पर अशोक स्तंभ का सिंह शीर्ष होगा, जिसके नीचे "सत्यमेव जयते" इबारत अंतर्लिखित होगी, उसकी बांई परिधि पर हिन्दी में "भारत" शब्द और दायीं परिधि पर  अंग्रेजी में "INDIA" शब्द होगा। इस पर सिंह शीर्ष के नीचे अंतर्राष्ट्रीय अंक में अंकित मूल्‍य "` 5" भी होगा।

सिक्‍के के इस भाग पर मध्‍य में, शब्‍द ''YEARS" के साथ एक वायुयान का चित्र और अंक ''100'' अंकित होगा तथा ऊपरी परिधि पर ''भारतीय नागर विमानन शताब्‍दी वर्ष'' और अंक ''100'' के नीचे ''CIVIL AVIATION'' लिखा होगा। निचले भाग में अंतरराष्‍ट्रीय अंकों में वर्ष ''1911-2011'' दर्शाया जाएगा।

ये सिक्‍के नागर विमानन के 100 वर्ष की स्‍मृति में जारी किए गए हैं और ये भारतीय सिक्का निर्माण अधिनियम, 1906 में यथाउद्धृत एक वैध मुद्रा होंगें। इन मूल्‍यवर्ग के मौजूदा सिक्‍के वैध मुद्रा के रुप में बने रहेंगे।

अजीत प्रसाद
सहायक महाप्रबंधक

प्रेस प्रकाशनी : 2011-2012/1012

 
   भारतीय रिज़र्व बैंक सर्वाधिकार सुरक्षित

इंटरनेट एक्सप्लोरर 5 और उससे अधिक के 1024 X 768 रिजोल्यूशन में अच्छी प्रकार देखा जा सकता है।