Download
the hindi
font
 
   हमारा परिचय     उपयोग सूचना     अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न     वित्तीय शिक्षण     शिकायतें   अन्य संपर्क     अतिरिक्त विषय 
Home >> Notification - Display
Note : To obtain an aligned printout please download the (2286.00 kb ) version to your machine and then use respective software to print the story.
Date: 01/07/2011
रुपया /वि‍देशी मुद्रा नि‍र्यात ऋण तथा नि‍र्यातकों को ग्राहक सेवा पर मास्टर परिपत्र

आरबीआइ /2011-12/60
बैंपवि‍वि. सं. डीआइआर. (ईएक्सपी). बीसी.04/04.02.02/2011-12

1 जुलाई 2011
10आषाढ़ 1933(शक)

सभी अनुसूचि‍त वाणि‍ज्य बैंक
(क्षेत्रीय ग्रामीण बैंको को छोड़कर)

महोदय/महोदया

रुपया /वि‍देशी मुद्रा नि‍र्यात ऋण
तथा नि‍र्यातकों को ग्राहक सेवा पर मास्टर परिपत्र

जैसा कि आप जानते हैं, भारतीय रि‍ज़र्व बैंक ने उपर्युक्त वि‍षय पर 1 जुलाई 2010 को एक मास्टर परि‍पत्र बैंपवि‍वि. सं. डीआइआर. (ईएक्सपी) सं. 06/04.02.02/2010-11 जारी कि‍या था ताकि इस वि‍षय से संबंधि‍त सभी वर्तमान अनुदेश एक ­ ही जग­ह उपलब्ध हो सकें। उक्त मास्टर परि‍पत्र में नि‍हि­त अनुदेशों को अब 30 जून 2011 तक अद्यतन बना दि‍या गया हैं। संशोधि‍त मास्टर परि‍पत्र की एक प्रति संलग्न है। यह­ नोट कि‍या जाए कि ज­हाँ तक बैंकों द्वारा नि‍र्यातकों को नि‍र्यात ऋण दि‍ए जाने का संबंध है, परि‍शि‍ष्ट में सूचीबद्ध परि‍पत्रों में नि‍हि‍त सभी अनुदेशों को इस मास्टर परि‍पत्र में समेकि‍त तथा अद्यतन कि‍या गया है। इस मास्टर परि‍पत्र में बैंकों /नि‍र्यातकों / नि‍र्यात संस्थाओं को इस वर्ष के दौरान भारतीय रि‍ज़र्व बैंक द्वारा जारी कति‍पय स्पष्टीकरणों में नि‍हि‍त अनुदेशों को भी शामि‍ल कि‍या गया है। यह मास्टर परि‍पत्र भारतीय रि‍ज़र्व बैंक की वेबसाइट(www.rbi.org.in)पर भी उपलब्ध कराया है। संशोधि‍त मास्टर परि‍पत्र की प्रति संलग्न है।

भवदीय

(पी आर रवि मोहन)
मुख्य हाप्रबंधक

अनुलग्नक : यथोक्त

 
   भारतीय रिज़र्व बैंक सर्वाधिकार सुरक्षित

इंटरनेट एक्सप्लोरर 5 और उससे अधिक के 1024 X 768 रिजोल्यूशन में अच्छी प्रकार देखा जा सकता है।